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मुंगेली// सरगांव थाना क्षेत्र के ग्राम बैतलपुर में बारात से लौट रहे युवकों के बीच हुए विवाद ने खूनी रूप ले लिया। मामूली कहासुनी के बाद एक युवक पर चाकू से हमला कर दिया गया, जिससे उसकी इलाज के दौरान मौत हो गई। मामले में सरगांव पुलिस ने हत्या के मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। पुलिस के मुताबिक मृतक की पहचान लक्ष्मी प्रसाद प्रधान निवासी सरवन देवरी थाना रतनपुर जिला बिलासपुर के रूप में हुई है। घटना 8 मई की रात की बताई जा रही है, जब बारात से लौटते समय पिकअप वाहन में सीट को लेकर विवाद शुरू हुआ था।
पिकअप में बैठने को लेकर हुआ विवाद
प्रार्थी रूपेश कुमार प्रधान ने पुलिस को बताया कि वह अपने गांव से बलराम यादव की बारात में ग्राम घुठिया गया था। शादी समारोह के बाद कुछ बाराती पिकअप वाहन से वापस लौट रहे थे। इसी दौरान बैतलपुर के पास पिकअप के केबिन में बैठे सुधीर केवट और रवि वर्मा को नीचे उतरने के लिए कहा गया। इसी बात पर दोनों पक्षों में बहस शुरू हो गई और मामला गाली-गलौज व मारपीट तक पहुंच गया। विवाद के दौरान आरोपी सुधीर केवट ने चाकू निकालकर लक्ष्मी प्रसाद प्रधान के पेट में हमला कर दिया। बीच-बचाव करने पहुंचे सूरज कश्यप और रूपेश कुमार को भी आरोपी ने चोट पहुंचाई। गंभीर रूप से घायल लक्ष्मी प्रसाद को इलाज के लिए सिम्स अस्पताल बिलासपुर ले जाया गया, जहां उसकी मौत हो गई।
चर्च के पास घेराबंदी कर आरोपी गिरफ्तार
घटना के बाद थाना सरगांव में धारा 296, 103(1), 109 और 3(5) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक भोजराम पटेल के निर्देश पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नवनीत कौर छाबड़ा और उप पुलिस अधीक्षक हरविंदर सिंह के मार्गदर्शन में साइबर सेल और थाना सरगांव की संयुक्त टीम बनाई गई। लगातार पतासाजी और तकनीकी जांच के बाद पुलिस ने आरोपी सुधीर केवट पिता रामावतार उम्र 20 वर्ष निवासी लखराम थाना रतनपुर जिला बिलासपुर को गौरेला चर्च के पास से घेराबंदी कर गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपी ने हत्या करना स्वीकार कर लिया, जिसके बाद उसके कब्जे से घटना में इस्तेमाल चाकू भी जब्त किया गया।
दूसरे आरोपी की तलाश जारी
पुलिस ने आरोपी को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है, जबकि मामले में शामिल अन्य आरोपी की तलाश जारी है। पूरी कार्रवाई में थाना प्रभारी संतोष शर्मा, साइबर सेल प्रभारी सतेन्द्रपुरी गोस्वामी, प्रधान आरक्षक यशवंत डाहिरे, आरक्षक राहुल यादव, हकीम अली, आसिफ खान, रिपीन बनर्जी और राकेश बंजारे की अहम भूमिका रही। घटना के बाद इलाके में सनसनी का माहौल है।


