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सारंगढ़-बिलाईगढ़// सारंगढ़ जिले के लिए गर्व की खबर सामने आई है। बरमकेला विकासखंड के प्राथमिक शाला खीचरी में पदस्थ शिक्षिका सुनीता यादव का चयन प्रतिष्ठित राष्ट्रीय शिक्षक सम्मान के लिए हुआ है। खास बात यह है कि छत्तीसगढ़ से इस सम्मान के लिए सुनीता यादव का चयन एकमात्र शिक्षिका के रूप में हुआ है। शिक्षक दिवस के अवसर पर राष्ट्रपति भवन में आयोजित समारोह में राष्ट्रपति के हाथों उन्हें सम्मानित किया जाएगा।
सुनीता यादव के चयन की खबर मिलते ही सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले में खुशी का माहौल है। शिक्षक, विद्यार्थी, अभिभावक और क्षेत्र के लोग उन्हें बधाई दे रहे हैं। लोग इसे सारंगढ़ की बेटी की बड़ी उपलब्धि के साथ पूरे जिले के लिए गौरव का पल बता रहे हैं।
बच्चों की पढ़ाई में किए कई नए प्रयास
शिक्षिका सुनीता यादव ने प्राथमिक शिक्षा के क्षेत्र में बच्चों को बेहतर तरीके से पढ़ाने के लिए कई नए प्रयोग किए हैं। उन्होंने पढ़ाई को बच्चों के लिए आसान और रुचिकर बनाने पर विशेष ध्यान दिया।बच्चों में पढ़ाई के प्रति रुचि बढ़ाने, अलग-अलग गतिविधियों के जरिए सीखने का माहौल बनाने और विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए उनके प्रयासों को पहचान मिली है।
शिक्षा के क्षेत्र में उनके काम को पहले भी कई सम्मान मिल चुका है। उन्हें मुकुटधर पांडेय पुरस्कार और राज्यपाल पुरस्कार से भी सम्मानित किया जा चुका है। अब राष्ट्रीय शिक्षक सम्मान के लिए चयन उनके काम को देशभर में मिली बड़ी पहचान माना जा रहा है।
देश के 48 शिक्षकों में छत्तीसगढ़ से सुनीता यादव
राष्ट्रीय शिक्षक सम्मान के लिए देशभर से चुनिंदा शिक्षकों का चयन किया गया है। इस बार कुल 48 शिक्षकों को इस प्रतिष्ठित सम्मान के लिए चुना गया है। इनमें छत्तीसगढ़ से सुनीता यादव का नाम शामिल है। राष्ट्रपति भवन में देश के अलग-अलग हिस्सों से चयनित शिक्षकों के साथ राष्ट्रपति के हाथों सम्मान प्राप्त करना सुनीता यादव के लिए खास उपलब्धि होगी। साथ ही यह उनके विद्यालय, बरमकेला विकासखंड और पूरे सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले के लिए भी गर्व का विषय है।
ग्रामीण क्षेत्र की शिक्षा को मिली पहचान
सुनीता यादव का चयन यह भी दिखाता है कि ग्रामीण क्षेत्र के स्कूलों में काम करने वाले शिक्षक भी अपने बेहतर प्रयासों से राष्ट्रीय स्तर पर पहचान बना सकते हैं। प्राथमिक शाला खीचरी जैसे स्कूल में बच्चों की शिक्षा को बेहतर बनाने के लिए किए गए उनके प्रयास अब राष्ट्रीय मंच तक पहुंचे हैं। सारंगढ़ क्षेत्र के लोगों का कहना है कि सुनीता यादव की यह उपलब्धि आने वाले समय में दूसरे शिक्षकों और विद्यार्थियों को भी बेहतर काम करने के लिए प्रेरित करेगी। सारंगढ़ की बेटी का राष्ट्रपति के हाथों सम्मान पूरे क्षेत्र के लिए निश्चित रूप से यादगार पल होगा।



