शेयर करें...
सारंगढ़–बिलाईगढ़// कभी परिवार की सीमित आमदनी के बीच घर चलाने और बच्चों की पढ़ाई की चिंता करने वाली अहिल्या निषाद आज अपना होटल संचालित कर हर महीने 15 से 24 हजार रुपए तक की कमाई कर रही हैं। महज 100 रुपए की मासिक बचत से शुरू हुआ उनका सफर आज उन्हें लखपति दीदी की पहचान दिला चुका है। सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत ‘सेवा की कहानी–कहानी बदलाव की’ में उनकी सफलता सामने आई है।
सारंगढ़–बिलाईगढ़ जिले के बरमकेला विकासखंड अंतर्गत ग्राम बिलाईगढ़ (अ) निवासी अहिल्या निषाद के पति किर्तीलाल निषाद हैं। परिवार की आर्थिक स्थिति सामान्य होने के कारण पहले घरेलू जरूरतों को पूरा करने में कठिनाइयां आती थीं। इसी बीच 15 मार्च 2018 को वे राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन की बिहान योजना के अंतर्गत लक्ष्मी स्वयं सहायता समूह से जुड़ीं और प्रतिमाह 100 रुपए की बचत शुरू की।
समूह से जुड़ने के बाद उन्होंने बैंक से एक लाख रुपए का ऋण लेकर गांव की मुख्य सड़क पर ‘निषाद होटल’ के नाम से समोसा, वड़ा और नाश्ते की दुकान शुरू की। मेहनत और लगन से उनका व्यवसाय आगे बढ़ा। वर्तमान में होटल से प्रतिदिन लगभग 500 से 800 रुपए की आमदनी हो रही है। इससे परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत हुई है और बच्चों की पढ़ाई में भी सुधार आया है।
बिहान योजना से मिली आर्थिक सहायता और स्वयं की मेहनत से अहिल्या निषाद आज आत्मनिर्भर बन चुकी हैं। अपनी सफलता पर खुशी जताते हुए उन्होंने कहा, “मैं बिहान योजना को दिल से धन्यवाद देती हूं।”


