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कोरबा/ पुलिस ने ढाई क्विंटल गांजे से भरा वाहन पकड़ा है। बरामद किये गये गांजे की कीमत 25 लाख रूपये बताई जा रही है। इस मामले में भी पुलिस का मानना है कि जो नंबर गाड़ी में दिख रहे हैं, वह फर्जी हो सकता है। पुलिस ने वाहन जब्त कर लिया है। ड्राईवर वाहन छोड़ कर फरार हो गया।
पुलिस के मुताबिक दीपका पुलिस ने आधी रात को संदेह के आधार पर जांच के लिए जायलो वाहन क्रमांक सीजी 12 एजे 3881 को रोकना चाहा, तो वाहन चालक ने पहले अपना वाहन सोमवारी बाजार की ओर मोड़ लिया और पीछा करने पर तेज गति से टैक्सी स्टैंड की ओर भागा और ब्रेकर में लगभग 2 फीट उछलकर बंद हो गया। तभी हड़बड़ी में ड्राइवर वाहन छोड़कर भाग निकला। पुलिस ने जब वाहन की तलाशी की तो तीन बोरी में भरे लगभग ढाई क्विंटल गांजा मिला। दीपका पुलिस ने वाहन जब्त कर लिया है। जब्त किए गए गांजे की कीमत 25 से 30 लाख रुपये बताई जा रहा है।
कोरबा-दीपका बना गांजा तस्करों का रास्ता:-
आमतौर पर गांजा तस्करों द्वारा झारखंड और उड़ीसा से गांजा की तस्करी की जाती है। इस संबंध में जानकारी रखने वाले लोगों का कहना है कि कोरबा दीपका और कोरबा कटघोरा मार्ग से गांजा की तस्करी की जाती है। इन मार्गों से इसे मध्य प्रदेश दिल्ली एवं पंजाब पहुंचाया जाता है। मध्य प्रदेश में जहां गांजा की कीमत 5 गुना बढ़ जाता है। वही दिल्ली और पंजाब पहुंचते-पहुंचते छत्तीसगढ़ की अपेक्षा 10 गुना ज्यादा भाव मिलता है। इन तस्करों द्वारा पुराने वाहनों का उपयोग किराए के वाहनों का उपयोग तस्करी में किया जाता है। अधिकतर मामलों में गाड़ी के नंबर बदले हुए पाए जाते हैं, जिसकी तस्दीक बाद में चेचिस नंबर के आधार पर की जाती है।

