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कोरबा// कोरबा में पुलिस विभाग के एक ASI पर शराब के नशे में हंगामा करने और सड़क किनारे खड़ी कार को टक्कर मारने का आरोप लगा है। घटना कोतवाली थाना क्षेत्र के पावर हाउस रोड स्थित मस्जिद के पास की है। बताया जा रहा है कि कुसमुंडा थाने में पदस्थ ASI ड्यूटी खत्म कर देर रात घर लौट रहे थे। इसी दौरान उनकी कार ने सड़क किनारे खड़ी एक कार को टक्कर मार दी।
आरोप है कि इसके बाद ASI ने गाड़ी पीछे लेकर उसी कार को दोबारा टक्कर मार दी। इसके बाद जब कार के मालिक ने विरोध किया तो सरेराह एएसआई ने उससे विवाद करने लगा। घटना की जानकारी के बाद पुलिस ने एएसआई के खिलाफ मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 185 के तहत कार्रवाई कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
जानकारी के मुताबिक ये पूरा घटनाक्रम कोतवाली थानांतर्गत पावर हाउस रोड का है। बताया जा रहा है कि कुसमुुंडा थाना में पदस्थ एएसआई अश्वनी वर्मा शनिवार रात ड्यूटी खत्म कर वापस घर लौट रहे थे। इसी दौरान पावर हाउस मार्ग पर सड़क किनारे खड़ी एक कार को अपनी कार से टक्कर मार दिया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक पहले लगा गलती से यह घटना हो गयी है।
लेकिन कुछ देर बाद ही एएसआई ने अपनी कार को रिवर्स कर दोबारा कार को टक्कर मार दी। जिसके बाद कार मालिक ने जब इसका विरोध किया, तो आरोप है कि ASI अश्वनी वर्मा कार से नीचे उतरे और उल्टे उनसे बहस करने लगे। देखते ही देखते मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक ASI की हालत ऐसी थी कि वह ठीक से खड़े तक नहीं हो पा रहे थे और बार-बार लड़खड़ा रहा था। मौके पर मौजूद लोगों ने स्थिति को लेकर नाराजगी जताई। स्थिति बिगड़ने की सूचना मिलने पर कोतवाली थाना प्रभारी प्रेमचंद साहू मौके पर पहुंचे। उन्होंने लोगों को समझाइश देकर मामला शांत कराया।
बताया जा रहा है कि ASI की हालत को देखते हुए उनकी कार दूसरे पुलिसकर्मी को चलाकर वहां से ले जानी पड़ी, जबकि अश्वनी वर्मा को दूसरे वाहन से ले जाया गया। मामले में कोतवाली थाना प्रभारी प्रेमचंद साहू ने बताया कि इस मामले में कार मालिक द्वारा शिकायत दर्ज नहीं कराया गया। जिसके कारण एएसआई अश्वनी वर्मा के खिलाफ ASI अश्वनी वर्मा के खिलाफ मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 185 के तहत कार्रवाई की गई है। यह धारा शराब या नशीले पदार्थ के प्रभाव में वाहन चलाने से संबंधित है।
पहले भी सामने आ चुका है विवाद
ASI अश्वनी वर्मा को लेकर यह पहला विवाद नहीं बताया जा रहा है। इससे पहले भी कोतवाली थाने में पदस्थापना के दौरान उनके शराब के नशे में अपने ही साथी स्टाफ के साथ विवाद और मारपीट का मामला सामने आने की बात कही जा रही है। हालांकि मौजूदा घटना के बाद एक बार फिर पुलिसकर्मी के आचरण को लेकर सवाल उठ रहे हैं। घटना के बाद स्थानीय लोगों में इस बात को लेकर नाराजगी है कि कानून-व्यवस्था संभालने वाले पुलिस विभाग के एक अधिकारी पर ही नशे में वाहन चलाने और सार्वजनिक स्थान पर हंगामा करने के आरोप लगे हैं। फिलहाल मोटर व्हीकल एक्ट के तहत कार्रवाई की गई है। मामले में वाहन से हुई क्षति और ASI के कथित पूर्व विवादों को लेकर आगे की कार्रवाई की स्थिति पुलिस विभाग की जांच के बाद स्पष्ट होगी।


