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बैकुंठपुर// सहकारिता विभाग ने खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 में धान खरीदी जैसे अत्यावश्यक कार्य में बाधा उत्पन्न करने के मामले में 8 समिति प्रबंधकों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई है। सहायक आयुक्त सहकारिता एवं सहायक पंजीयक सहकारी संस्थाएं आयुष प्रताप सिंह ने एसपी को आवेदन प्रस्तुत कर आदिम जाति सेवा सहकारी समितियों के प्रबंधकों के विरुद्ध आवश्यक सेवा अनुरक्षण कानून (एस्मा) के तहत एफआईआर दर्ज करने अनुरोध किया था।
बताया जा रहा है कि राज्य शासन ने धान खरीदी कार्य को छत्तीसगढ़ अत्यावश्यक सेवा संधारण एवं विच्छिन्नता निवारण अधिनियम 1979 के अंतर्गत अत्यावश्यक सेवा घोषित किया है। बावजूद आदिम जाति सेवा सहकारी समितियों के समिति प्रबंधकों ने 15 नवम्बर से प्रारंभ धान खरीदी में जानबूझकर अनुपस्थित रहकर कार्य में बाधा उत्पन्न की है।
आरोप है कि समिति प्रबंधकों ने स्वयं ड्यूटी नहीं की और अन्य कर्मचारियों को भी ड्यूटी में उपस्थित होने से रोका है। आवेदन में उल्लेख है कि इस तरह का व्यवहार शासन के आदेशों का गंभीर उल्लंघन है। धान खरीदी जैसी राज्यव्यापी महत्वपूर्ण प्रक्रिया को प्रभावित करता है।
गृह विभाग के 14 नवंबर के आदेश का भी हवाला दिया गया है। इसमें धान खरीदी अवधि के दौरान जिम्मेदार कर्मचारियों को हर स्थिति में कार्य पर उपस्थित रहना अनिवार्य किया गया है। मामले में पुलिस ने प्रकरण दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
धान खरीदी में लापरवाही करना गंभीर
सहकारिता विभाग ने कहा है कि धान खरीदी जैसे सार्वजनिक हित के महत्वपूर्ण कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही या बाधा को गंभीरता से लिया जाएगा। मामले में बैकुंठपुर और पटना पुलिस ने आठ समिति प्रबंधकों के खिलाफ छत्तीसगढ़ अत्यावश्यक सेवा संधारण तथा विछिन्नता निवारण अधिनियम 19797(1) अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया है।
इसमें आदिम जाति सेवा सहकारी समिति के प्रबंधक बालाजी रेड्डी सलबा, राम यादव प्रबंधक झरनापारा, अमरनाथ साहू बैमा प्रबंधक, संजय सिंह चिरमी प्रबंधक, रवि साहू सरभोका प्रबंधक व राम कुमार साहू तरंगवां प्रबंधक शामिल हैं।
14 अधिकारी बनाए गए समिति प्रबंधक
कलेक्टर कार्यालय(खाद्य शाखा) ने समर्थन मूल्य पर धान खरीदी करने वैकल्पिक व्यवस्था लागू कर दी है। सहकारिता विभाग नवा रायपुर के निर्देश पर समितियों में कार्यरत कर्मचारियों की जगह कृषि और उद्यान विभाग के 14 अधिकारी को समिति प्रबंधक सह धान खरीदी प्रभारी का अस्थायी प्रभार सौंपा गया है, जो धान खरीदी केंद्र धौराटिकरा, जामपारा, सरभोका, तरगंवा, झरनापारा, सलबा, रजौली, सोनहत, रामगढ़, बंजारीडांड़, पोड़ी, जिल्दा और बैमा में जिम्मेदारी निभाएंगे।
नए समिति प्रबंधकों को प्रतिदिन समिति में अनिवार्य उपस्थिति, धान खरीदी के लिए बारदाना उपलब्ध कराने, बारदाने की गुणवत्ता निगरानी, पंजीकृत किसानों से धान खरीदी की प्रक्रिया को निर्विघ्न संचालित करने, धान खरीदी संबंधी जारी निर्देशों का पालन करने निर्देश दिए गए हैं।



